Pregnancy & Care

Everything about Pregnancy and after care.

शुक्रवार, 1 नवंबर 2019

महिला की प्रेगनेंसी और थायराइड पार्ट #1

नमस्कार दोस्तों आप आज अपने इस POST के माध्यम से चर्चा करने वाले हैं एक काफी गंभीर समस्या को लेकर जिसे हम थायराइड कहते हैं. प्रेग्नेंसी में थायराइड की समस्या हो जाने पर गर्भस्थ शिशु का विकास पूर्ण रूप से बाधित हो जाता है, जिसके कारण कई प्रकार की समस्या गर्भावस्था के समय पर नजर आने लगती है आज अपने इस POST के माध्यम से आप से चर्चा करने वाले हैं.
थायराइड क्या होता है.
गर्भावस्था के दौरान थायराइड हार्मोन का क्या महत्व है .
गर्भावस्था के दौरान थायराइड कितना होना चाहिए.
You May Also Like : पहले 3 माह में मिसकैरेज होने के कुछ मुख्य कारण पार्ट -1
You May Also Like : घर पर साबुन से प्रेगनेंसी कैसे चेक करें


इस POST के नेक्स्ट पार्ट में हम चर्चा करेंगे कि प्रेगनेंसी के दौरान थायराइड के कारण लक्षण और प्रभाव पर चर्चा करते हैं.

why need thyroid harmons during pregnancy

जब महिला गर्भवती होती है तो उसके कई सारे टेस्ट डॉक्टरों के द्वारा कराए जाते हैं जिनमें से एक टेस्ट थायराइड का टेस्ट भी होता है थायराइड के असंतुलन होने पर कई तरह की परेशानियां गर्भस्थ महिला और उसके गर्भस्थ शिशु को आ सकती हैं. यहां तक कि अगर थायराइड पर ध्यान ना दिया जाए तो गर्भ शिशु को भी थायराइड होने की संभावना हो जाती है और दूसरे प्रकार की गंभीर बीमारियों का सामना भी करना पड़ सकता है.
You May Also Like : पुत्र प्राप्ति का प्राचीन उपाय - मोर पंख
You May Also Like : प्रेग्नेंट होने के तुरंत बाद यह लक्षण आते हैं गर्भ में लड़का या लड़की


आइए चर्चा करते हैं कि थायराइड होता क्या है
हमारे गले में आगे की तरफ तितली के आकार की एक ग्रंथि होती है, उसे हम थायराइड ग्रंथि कहते हैं. थायराइड ग्रंथि का मुख्य कार्य हमारे भुजे पदार्थ को ऊर्जा में बदलने का होता है साथी साथी है हमारे शरीर के अंदर और दूसरे कार्य को भी मॉनिटर करती है.
यह ग्रंथि दो प्रकार के हार्मोन का निर्माण करती है T3, T4
T3 अर्थात ट्राईआयोडोथायरोनिन
T4 अर्थात थायरॉक्सिन

ये दोनों हार्मोंस हमारी सांस, ह्रदय गति, पाचन तंत्र, शरीर के तापमान, हड्डियाें, मांसपेशियों व कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करते हैं. थायराइड के असंतुलन से हमारे शरीर का वजन कम या ज्यादा होने लगता है, और इसे ही थायराइड की बीमारी का नाम दिया जाता है.
थायराइड  बड़ी उम्र के लोगों को ज्यादा होने की आशंका रहती है लगभग 60 साल से ऊपर के व्यक्तियों को थायराइड होता है और साथ ही साथ पुरुषों की तुलना में महिलाओं को थायराइड ज्यादा होता है. लेकिन आजकल वातावरण काफी दूषित हो चुका है हमारे भोज्य पदार्थ में भी काफी गिरावट आई है जिसके कारण अब थायराइड किसी भी उम्र में हो जाता है.

require thyroid level in last three months, थायराइड हार्मोन

गर्भावस्था के दौरान थायराइड हार्मोन की क्या इंपोर्टेंस है इस पर चर्चा करते हैं
गर्भ में पल रहे शिशु के विकास के लिए थायराइड हार्मोंस जरूरी होते हैं. यह हारमोंस गर्भस्थ शिशु के तंत्रिका तंत्र और मस्तिष्क के विकास में काफी महत्वपूर्ण रोल अदा करते हैं.
प्रेगनेंसी की पहली तिमाही में यह हारमोंस गर्भनाल के द्वारा महिला के शरीर से शिशु को प्राप्त होता है 3 महीने आते आते गर्भ शिशु के शरीर में भी थायराइड ग्रंथि का विकास हो जाता है और वह स्वयं थायराइड ग्रंथि से निकलने वाले हार्मोन का उत्पादन शुरू कर देते हैं.
अगर महिला के शरीर में थायराइड हार्मोन के उत्पादन में असंतुलन होता है तो शुरू के 3 महीने में ही मिसकैरेज के चांसेस बहुत ज्यादा बढ़ जाते हैं.
 गर्भावस्था के दौरान ह्यूमन कोरियोनिक गोनाडोट्रोपिन (Human Chorionic Gonadotropin) और एस्ट्रोजन (Estrogen) नामक हार्मोंस का निर्माण होता है। इन दोनों हार्मोंस के कारण गर्भवती के रक्त में थायराइड हार्मोंस का स्तर ज्यादा पाया जाता है. डॉक्टर्स के अनुसार महिला के शरीर में थायराइड की थोड़ी सी भी अधिकता काफी गंभीर विषय होता है.
You May Also Like : प्रेगनेंसी में फल कब और कैसे खाने चाहिए
You May Also Like : गर्भावस्था के सपने जो ये बताते है गर्भ में बेटा ही है


महिला के शरीर में हार्मोन का स्तर कितना होना चाहिए 
हमारा मानना है कि सभी गर्भवती महिलाओं को यह पता होना चाहिए कि उनके शरीर में हार्मोन का स्तर कितना होना चाहिए हालांकि वह इसे चेक नहीं कर सकती है लेकिन फिर भी वह चेक करा कर संतुष्ट तो हो ही सकती है क्योंकि उन्हें रेंज पता होती है.
थायराइड का पता टीएसएच के जरिए लगाया जाता है.

pregnancy, thyroid,pregnancy tips, how to

You May Also Like : नानी मां के सटीक उपाय से जानिए गर्भ में लड़का है या लड़की
You May Also Like : स्तन के आकार से जाने गर्भ में लड़का है या लड़की


पहली तिमाही
टीएसएच (MIU/L)  कम :    0.1
टीएसएच (MIU/L)  अधिक :   2.5

दूसरी तिमाही
टीएसएच (MIU/L)  कम :    0.2
टीएसएच (MIU/L)  अधिक :   3.0

तीसरी  तिमाही
टीएसएच (MIU/L)  कम :    0.3
टीएसएच (MIU/L)  अधिक :   3.0

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें