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ज्योतिष शास्त्रों के अनुसार गर्भ में पुत्र पहचानने के 10 तरीके - Baby Gender Prediction by Vedic Sstrology

नमस्कार दोस्तों अपने इस Article के माध्यम से हम आपको जो लक्षण गर्भ में बेटा होने के बताने जा रहे हैं यह अलग अलग ज्योतिष संहिता से लिए गए हैं अलग अलग ऋषि मुनियों द्वारा जो ज्योतिष के संबंध में पुस्तके लिखी गई है और उन्होंने जो पुत्र होने के लक्ष्ण अपनी पुस्तकों में शास्त्रों में दिए हैं उनमें से कुछ हम आपको इस वीडियो के माध्यम से बताने जा रहे हैं दोस्तों इनका कोई भी वैज्ञानिक आधार अभी तक हमारे पास उपलब्ध नहीं है कभी-कभी यह लक्षण ऑपोजिट जेंडर गर्भ में होने पर भी आ जाते हैं लेकिन यह कम ही होता है पर होता है क्योंकि हर महिला की प्रेगनेंसी अलग अलग होती है तो शरीर के अनुसार कभी-कभी लक्षण ऑपोजिट भी आ जाते हैं
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इसी वजह से इन्हें लक्षण कहा गया है और इनका कोई वैज्ञानिक आधार नहीं माना जाता है क्योंकि यह हंड्रेड परसेंट कार्य नहीं करते हैं, लेकिन 100 में से लगभग 80 मामलों में यह सटीक बैठते हैं


जेंडर प्रिडिक्शन के 10 तरीके - Gender Prediction ke 10 tarikeअगर प्रेग्नेंसी के समय महिला को पुरुष संगत चीजें ज्यादा पसंद आते हैं एग्जांपल के लिए हम आपको समझा देते हैं जैसे कि महिला केला, आम, सेब खाना ज्यादा पसंद करती है और जैसे की लीची, सब्जियों में अरबी, लौकी, तोरी खाना पसंद नहीं करती है यह सब स्त्रीलिंग चीजें कहलाती हैं,बेटी होगी.

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आप गर्भवती महिला को बिना बताए गौर कीजिए अगर गर्भवती महिला उठकर जब चलती है और वह चलने के लिए सर्वप्रथम अपना दाहिना पैर आगे बढ़ाती है तो समझ लीजिए उसके गर्भ में लड़का है आप इस बात को आठ-दस बार गौर कीजिए अगर वह मैक्सिमम टाइम ऐसा ही करती है तो  गर्भ में लड़का है


गर्भ में पुत्र होने का एक और लक्षण तो सभी जानते हैं अगर बच्चा देर से हिलता है तो यह पुत्र होने का लक्षण माना जाता है क्योंकि क्योंकि लड़कियां अधिक चंचल होती है तो उनका हिलना डुलना जल्दी शुरू हो जाता है

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5 से 6 महीने में आप एक बात और नोट कीजिए अगर महिला के पेट का दाहिना हिस्सा बाएं हिस्से की तुलना में थोड़ा सा ज्यादा उभरा हुआ होता है तो यह गर्भ में लड़का होने की निशानी है.

ladka ya ladki

अगर गर्भवती महिला के पेट में दाहिनी तरफ भारी महसूस होता है तो गर्भ में लड़का माना जाता है और साथ ही साथ पेट में हलचल मैक्सिमम समय दाहिनी तरफ ही महसूस होती है तब भी गर्भ में लड़का होना तय माना जाता है यह लक्षण आप 5 या 6 महीने के बाद नोट करें.

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अगर गर्भवती स्त्री के दाहिने स्थान में पहले दूध आता है तो यह लड़का होने की निशानी माना जाता है, प्रेग्नेंसी के समय अगर महिला के स्तनों से दूध निकलता है और वह गाढ़ा और सफेद हो तो यह है गर्भ में पुत्र होने की निशानी है इसके लिए आपको किसी घर की बड़ी महिला की मदद लेनी होगी, क्योंकि दूध कितना गाढ़ा होता है यह तो वही बता सकते जो पहले से ही माता बनी है,

beta hoga ya beti

अगर गर्भवती स्त्री का दाहिना स्तन बाएं से बड़ा और और निपल्स का रंग डार्क लाल हो जाता है तो भी यह गर्भ में लड़का होने की निशानी है
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अगर गर्भवती महिला को गर्भ काल में भूख अधिक लगती है तो यह गर्भ में बेटा होने की निशानी है और अगर महिला प्रसन्न रहती है तो भी यह लड़का होने की निशानी माना जाता है.

garbh me beta hai ya beti

प्रेगनेंसी के दौरान अगर गर्भवती स्त्री को अपनी दाहिनी जांग भरी लगती है तो यह गर्भ में लड़का होने की निशानी होता है
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गर्भ में क्या है यह जानने के लिए आप गर्भवती महिला को बिना बताए एक बात नोट कीजिए अगर महिला फर्श पर बैठी है और वह उठते समय अपने दाहिने हाथ का सहारा लेती है और वह अक्सर ऐसा करती है तो महिला के गर्भ में बेटा है लगभग 5 महीने के बाद छठे सातवें महीने में तब आप यह प्रयोग करके देखें |

शास्त्रों के अनुसार अगर महिला का मूत्र रंग हीन होता है तो यह गर्भ में लड़के की निशानी होती है.

दोस्तों महिला के शरीर में आने वाले लक्षणों को देखकर हम शायद इस बात का पता लगाने की महिला के घर में कौन सी संतान है लेकिन दोस्तों यह भी उतना ही जरूरी है कि हमें उसके स्वास्थ्य का संपूर्ण ध्यान रखना है, उसके पोषण का विशेष ध्यान रखना आवश्यक होता है.  


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